Saturday, June 7, 2014

सेवा में बहुत सी बारीक बातें हैं,एक तो यह कि सेवा करके सेवाभिमान न आने पावे,और दूसरा ये कि सेवा को छुपाने की ही भावना रहे सदा,कोई जानने न पावे।
.......श्री महाराज जी।

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मन का अटैचमेंट किसमें करें?

एक तमोगुणी, एक रजोगुणी, एक सत्त्वगुणी, एक गुणातीत । ये चार पर्सनैलिटी, चार कक्षाएँ हैं। अगर हमने अपने मन का अटैचमेन्ट तामसी व्यक्ति या तामसी...